सेंड दबाने से पहले सेकंडों में अपनी सब्जेक्ट लाइन को स्कोर कीजिए। लंबाई, पावर वर्ड्स, स्पैम ट्रिगर और इमोजी जाँचिए, और ओपन रेट बढ़ाने के साफ़ सुझाव पाइए।
स्कोर और सुझाव पाने के लिए एक सब्जेक्ट लाइन लिखिए।
प्रो टिप। ज़्यादातर इनबॉक्स मोबाइल पर सब्जेक्ट लाइन को करीब 35 से 40 अक्षरों पर काट देते हैं, इसलिए जो शब्द मायने रखते हैं उन्हें आगे रखिए। शुरुआत फ़ायदे या हल्की जिज्ञासा से कीजिए और हर लाइन में एक ही साफ़ बात रखिए।
एक मिनट से भी कम में अपनी सब्जेक्ट लाइन जाँचिए और सुधारिए, ताकि लिस्ट के ज़्यादा लोग ईमेल खोलें और कैंपेन मज़बूत शुरुआत ले।
वह ईमेल सब्जेक्ट लाइन पेस्ट कीजिए या लिखिए जिसे आप अपनी लिस्ट या संभावित ग्राहकों को भेजना चाहते हैं।
टूल आपकी लाइन को तुरंत स्कोर देता है और लंबाई, पावर वर्ड्स, स्पैम ट्रिगर, इमोजी और फ़ॉर्मेटिंग की दिक़्क़तें चिह्नित करता है।
सुझाव लागू कीजिए, शब्द थोड़े बदलिए, और देखिए सब्जेक्ट लाइन मज़बूत होते-होते स्कोर कैसे चढ़ता है।
आपका ईमेल खुलेगा भी या नहीं, यह सब्जेक्ट लाइन तय करती है। अंदर का कंटेंट या ऑफ़र कितना भी अच्छा हो, कमज़ोर सब्जेक्ट लाइन का मतलब है कि आपकी लिस्ट के ज़्यादातर लोग उसे कभी देखेंगे ही नहीं। यहाँ किए छोटे बदलाव हर कैंपेन के ओपन बढ़ा देते हैं।
किसी भी ईमेल में पहला कन्वर्ज़न ओपन ही है। तेज़ सब्जेक्ट लाइन का मतलब है कि आपकी लिस्ट के ज़्यादा लोग सचमुच पढ़ेंगे कि आपने क्या भेजा।
स्पैमी शब्द और चिल्लाते बड़े अक्षर डिलिवरेबिलिटी बिगाड़ सकते हैं। टेस्टर उन्हें चिह्नित कर देता है, ताकि आपका ईमेल इनबॉक्स में उतरे, जंक फ़ोल्डर में नहीं।
लंबाई की जाँच और लाइव इनबॉक्स प्रीव्यू दिखाते हैं कि आपकी लाइन मोबाइल और डेस्कटॉप पर कैसी दिखती है, ताकि अहम शब्द कभी न कटें।
न साइनअप और न AI। जितनी चाहें उतनी लाइनें टेस्ट कीजिए, और आपकी सब्जेक्ट लाइनें कभी ब्राउज़र से बाहर नहीं जातीं।
न्यूज़लेटर से लेकर कोल्ड आउटरीच तक, देखिए मार्केटर और फ़ाउंडर एक झटपट सब्जेक्ट लाइन जाँच से हर तरह के ईमेल में ओपन कैसे बढ़ाते हैं।
हर भेजने से पहले सब्जेक्ट टेस्ट कीजिए, ताकि नियमित पाठक खोलते रहें और आपकी लिस्ट समय के साथ जुड़ी रहे।
सेल्स और प्रॉस्पेक्टिंग सब्जेक्ट लाइनों को धार दीजिए, ताकि वे खुलें और पहली ही बार में स्पैम फ़ोल्डर से बचें।
नए सब्सक्राइबर को मिलने वाले पहले ईमेल ऐसे बनाइए कि उन्हें नज़रअंदाज़ करना मुश्किल हो, वही आगे की पूरी बातचीत का सुर तय करते हैं।
सेल, लॉन्च और सीमित ऑफ़र पर ओपन बढ़ाइए, जहाँ उसी लिस्ट से हर अतिरिक्त ओपन असली कमाई बन सकता है।
ऐसी सब्जेक्ट लाइनों से ख़रीदारों को वापस लाइए जो समय पर और मददगार लगें, दबाव डालती हुई नहीं, ताकि वे लौटकर ऑर्डर पूरा करें।
भेजने से पहले दो-तीन सब्जेक्ट लाइन विकल्पों को झटपट स्कोर कीजिए, फिर सबसे मज़बूत जोड़ी को अपनी लिस्ट पर टेस्ट कीजिए।
अच्छी सब्जेक्ट लाइन ओपन दिलाती है, पर ग्राहक तो लैंडिंग पेज ही दिलाता है। LanderLab से मिनटों में तेज़ और मोबाइल-फ़्रेंडली पेज लॉन्च कीजिए और ईमेल क्लिक को नतीजों में बदलिए।
शुरू करें - बिल्कुल फ़्रीक्रेडिट कार्ड की ज़रूरत नहीं
