गाइड

बिना कोडिंग के हाई-कन्वर्टिंग Landing page बनाने के 7 चरण

हाई-कन्वर्टिंग Landing page बनाना कभी एक तकनीकी काम था, जो सिर्फ़ डेवलपर्स के बस का था। लेकिन LanderLab जैसे नो-कोड टूल्स के उभरने के बाद अब ऐसा नहीं रहा। जिस काम में कभी घंटों कोडिंग लगती थी, उसे अब कोई भी कर सकता है।

Anxhela Tomani3 मिनट में पढ़ें

हाई-कन्वर्टिंग Landing page बनाना कभी एक तकनीकी काम था, जो सिर्फ़ डेवलपर्स के बस का था। लेकिन LanderLab जैसे नो-कोड टूल्स के उभरने के बाद अब ऐसा नहीं रहा।

जिस काम में कभी घंटों कोडिंग लगती थी, उसे अब कोई भी कर सकता है, चाहे आप मार्केटर हों, उद्यमी हों या पहली बार वेबसाइट बनाने वाले। सोचिए, बिना किसी कोडिंग अनुभव के आप आकर्षक, रिस्पॉन्सिव और कन्वर्ज़न-केंद्रित Landing pages बना रहे हैं।

इस गाइड में हम बताएँगे कि बिना कोडिंग स्किल्स के हाई-कन्वर्टिंग Landing page कैसे बनाएँ। और यह भी कि LanderLab के सहज प्लैटफ़ॉर्म का इस्तेमाल करके आप ऐसे Landing pages कैसे डिज़ाइन कर सकते हैं जो सिर्फ़ अच्छे दिखते ही नहीं, बल्कि ज़्यादा से ज़्यादा नतीजों के लिए ऑप्टिमाइज़ भी होते हैं।

कन्वर्ज़न-केंद्रित Landing pages क्यों ज़रूरी हैं

Landing pages को ख़ास तौर पर विज़िटर्स को Leads या ग्राहकों में बदलने के लिए डिज़ाइन किया जाता है। आम वेब पेजों में नेविगेशन के कई विकल्प होते हैं, जबकि Landing page किसी तय लक्ष्य की ओर सीधे जाने वाले रास्ते जैसा होता है। यह भटकाव हटा देता है और एक ही कन्वर्ज़न लक्ष्य पर ध्यान टिकाता है, चाहे वह ईमेल पते जुटाना हो, Leads जनरेट करना हो या बिक्री करना।

अच्छी तरह बनाया गया Landing page आपके विज़िटर्स की राह की रुकावटें काफ़ी हद तक घटा सकता है, जिससे कन्वर्ज़न बढ़ते हैं। एक आम मिथक है कि असरदार Landing page बनाने के लिए कोडिंग की जानकारी चाहिए, पर यह बिल्कुल सच नहीं है। LanderLab जैसे आसान टूल्स की मदद से तकनीकी स्किल्स न रखने वाले लोग भी कुछ ही मिनटों में कन्वर्ज़न-केंद्रित Landing pages तैयार कर सकते हैं।

चरण 1: शुरू करने से पहले अपने कैंपेन का लक्ष्य तय करें

 

हर शानदार Landing page किसी ठोस लक्ष्य से शुरू होता है। क्या आप अपने न्यूज़लेटर के लिए ईमेल पते जुटाना चाहते हैं? या शायद आप किसी वेबिनार, प्रोडक्ट या सर्विस को उभारना चाहते हैं?

आपका लक्ष्य तय करेगा कि आपका पेज कैसा दिखेगा और उसमें क्या कहा जाएगा। LanderLab में आप अलग-अलग लक्ष्यों के हिसाब से बने तैयार टेम्पलेट्स में से चुन सकते हैं, जैसे:

 

  • Lead Generation: कम से कम भटकाव के साथ विज़िटर की जानकारी लेने के लिए डिज़ाइन किया गया।
  • प्रोडक्ट शोकेस: अपने प्रोडक्ट के फ़ायदे, फ़ीचर और टेस्टिमोनियल दिखाने के लिए आदर्श।
  • वेबिनार रजिस्ट्रेशन: काउंटडाउन टाइमर, मुख्य फ़ायदों और प्रमुख रजिस्ट्रेशन फ़ॉर्म के साथ यूज़र्स को किसी इवेंट के लिए साइन अप करने को प्रेरित करें।

अपने कैंपेन के मक़सद के लिए सही टेम्पलेट चुनते ही आपके पास हाई-कन्वर्टिंग पेज के बिल्डिंग ब्लॉक्स आ जाते हैं।

चरण 2: LanderLab के ड्रैग-एंड-ड्रॉप बिल्डर से अपना पेज पर्सनलाइज़ करें

 

हर ऑडियंस अलग होती है, और सबके लिए एक जैसा Landing page टेम्पलेट हर कैंपेन में काम नहीं आता। यहीं LanderLab का ड्रैग-एंड-ड्रॉप बिल्डर काम आता है। आप तकनीकी स्किल्स के बिना भी आसानी से लेआउट, टेक्स्ट, इमेज और फ़ॉर्म फ़ील्ड बदलकर उन्हें अपने ब्रांड और अपने विज़िटर्स की पसंद के मुताबिक़ ढाल सकते हैं।

उदाहरण: आँखों को खींचने वाला हीरो सेक्शन बनाना

LanderLab एडिटर

हीरो सेक्शन (आपके Landing page का सबसे ऊपरी हिस्सा) ध्यान खींचने के लिए बेहद अहम है। मिसाल के तौर पर:

 

  • हेडलाइन: “हमारी साइट पर आपका स्वागत है” जैसी आम बात की जगह कुछ ऐसा लिखें जो कार्रवाई के लिए प्रेरित करे और किसी ख़ास समस्या को छुए। अगर आप टाइम-मैनेजमेंट टूल प्रमोट कर रहे हैं, तो “सिर्फ़ 7 दिनों में अपने समय पर कंट्रोल पाएँ” जैसी हेडलाइन इस्तेमाल करें।
  • इमेज या वीडियो: विज़िटर्स विज़ुअल्स पर प्रतिक्रिया देते हैं। LanderLab में आप अपने हीरो सेक्शन में इमेज ड्रैग कर सकते हैं या वीडियो एम्बेड कर सकते हैं, ताकि आपका प्रोडक्ट काम करता हुआ दिखे। ख़ास तौर पर वीडियो को एंगेजमेंट और कन्वर्ज़न रेट बढ़ाने के लिए जाना जाता है।

 

चरण 3: ऊँचे कन्वर्ज़न रेट के लिए अपने फ़ॉर्म ऑप्टिमाइज़ करें

 

Lead generation फ़ॉर्म

LanderLab के साथ Lead-कैप्चर फ़ॉर्म जोड़ना और उन्हें कस्टमाइज़ करना तेज़ और आसान है। ज़्यादा कन्वर्ज़न के लिए उन्हें ऑप्टिमाइज़ करने का तरीक़ा यह है:

 

  • कस्टम फ़ील्ड जोड़ें: अपने कैंपेन के हिसाब से B2B ऑडियंस के लिए “कंपनी का नाम” और “जॉब टाइटल” जैसे फ़ील्ड शामिल करें।
  • फ़ील्ड लेबल कस्टमाइज़ करें: आम लेबल की जगह “तुरंत एक्सेस के लिए अपना सबसे अच्छा ईमेल डालें” जैसा पर्सनलाइज़्ड प्लेसहोल्डर टेक्स्ट इस्तेमाल करें।
  • सहज इंटीग्रेशन: अपने फ़ॉर्म को Mailchimp या Brevo जैसे ईमेल प्लैटफ़ॉर्म से जोड़ें, ताकि नए Leads सीधे आपके ईमेल फ़नल में पहुँचें।

 

चरण 4: मोबाइल और टैबलेट पर रिस्पॉन्सिव होना सुनिश्चित करें

 

मोबाइल और टैबलेट पर ब्राउज़ करने वाले लोग बढ़ते जा रहे हैं, इसलिए आपके Landing page का रिस्पॉन्सिव होना बेहद ज़रूरी है। यह क्यों मायने रखता है, इस बारे में हमारी मोबाइल-रिस्पॉन्सिव Landing pages की गाइड में और जानें।

LanderLab मोबाइल और टैबलेट व्यू के लिए आपके पेज का लेआउट अपने-आप एडजस्ट कर देता है, जिससे हर डिवाइस पर बेहतरीन अनुभव मिलता है। फिर भी अगर आप ज़्यादा कंट्रोल चाहते हैं, तो अलग-अलग स्क्रीन साइज़ पर पेज कैसा दिखे, यह हाथ से भी बारीकी से ठीक कर सकते हैं। यह लचीलापन आपको सबसे अच्छा संभव यूज़र एक्सपीरियंस पक्का करने देता है, चाहे आपके विज़िटर्स आपके पेज को किसी भी तरह खोलें।

चरण 5: टेस्टिमोनियल और सोशल प्रूफ़ से भरोसा बनाएँ

 

टेस्टिमोनियल

आपके Landing page का कन्वर्ज़न रेट बढ़ाने के लिए भरोसा बनाना बेहद ज़रूरी है। जब लोगों को आपकी पेशकश पर यक़ीन होता है, तो वे कदम उठाने की ओर ज़्यादा बढ़ते हैं। यह भरोसा बनाने के लिए इन्हें जोड़ने पर विचार करें:

 

  • ग्राहक टेस्टिमोनियल: संतुष्ट ग्राहकों का सकारात्मक फ़ीडबैक उनके नाम और फ़ोटो के साथ दिखाएँ। इससे निजी स्पर्श आता है और आपके ब्रांड की विश्वसनीयता बढ़ती है।
  • ट्रस्ट बैज: उन नामी ब्रांड्स या मीडिया के लोगो दिखाएँ जिन्होंने आपके बिज़नेस को मान्यता दी है। “Forbes में फ़ीचर्ड” या “XYZ द्वारा अनुमोदित” जैसे बैज प्रामाणिकता का एक अतिरिक्त एहसास देते हैं।
  • केस स्टडी और रिव्यू: असली सफलता की कहानियाँ पेश करें, जो दिखाएँ कि आपके प्रोडक्ट या सर्विस ने ऐसी ही स्थितियों में दूसरों के लिए कैसे फ़र्क़ डाला है।

 

भरोसा बनाने वाले ये तत्व मिलकर विज़िटर्स को वह तसल्ली देते हैं जो उन्हें चाहिए: आपकी पेशकश असली, भरोसेमंद है और उनके ध्यान व निवेश के लायक़ है। कन्वर्ज़न बढ़ाने के लिए टेस्टिमोनियल का फ़ायदा उठाने के बारे में और जानें।

चरण 6: A/B टेस्टिंग की ताक़त का फ़ायदा उठाएँ

 

A/B टेस्टिंग

आपका Landing page भले ही शानदार दिखता हो, उसे और बेहतर बनाने की गुंजाइश हमेशा रहती है। यहीं A/B टेस्टिंग काम आती है। अपने पेज के अलग-अलग वर्ज़न आज़माकर आप पता लगा सकते हैं कि कौन-से हिस्से सबसे अच्छा काम करते हैं और अपना कन्वर्ज़न रेट लगातार सुधार सकते हैं।

शुरुआत ऐसे करें:

 

  • एक बार में एक एलिमेंट पर ध्यान दें: सिर्फ़ एक चीज़ बदलकर शुरू करें, जैसे हेडलाइन या अपने CTA बटन का रंग। साफ़ नतीजे पाने के लिए बाक़ी सब कुछ वैसा ही रखें।
  • नतीजों की समीक्षा करें: देखें कि हर वर्ज़न कन्वर्ज़न रेट, बाउंस रेट और यूज़र एंगेजमेंट के लिहाज़ से कैसा प्रदर्शन कर रहा है। समय के साथ आपको इस बारे में इनसाइट मिलती जाएँगी कि आपकी ऑडियंस को क्या पसंद आता है।
  • जो सीखें, उसके आधार पर बदलाव करें: जैसे ही पता चले कि क्या असरदार है, उन बदलावों को लागू करें और परफ़ॉर्मेंस और बढ़ाने के लिए दूसरे पहलुओं को टेस्ट करते रहें।

 

A/B टेस्टिंग एक लगातार चलने वाला सफ़र है, जो आपके Landing page को निखारने में मदद करता है और आपको डेटा पर आधारित समझदारी भरे फ़ैसले लेने देता है, ताकि उसका असर बढ़े।

चरण 7: परफ़ॉर्मेंस पर नज़र रखें और समझदारी से बदलाव करें

अपना Landing page लॉन्च करना सिर्फ़ शुरुआत है। कन्वर्ज़न बढ़ाने के लिए आपको यह देखते रहना होगा कि वह कैसा प्रदर्शन कर रहा है और डेटा जो बताए उसके हिसाब से चीज़ें ठीक करनी होंगी। अपने पेज को असरदार ढंग से ट्रैक और बेहतर बनाने का तरीक़ा यह है:

 

  • एनालिटिक्स टूल्स इस्तेमाल करें: Google Analytics या Hotjar जैसे टूल्स आपको विज़िटर्स के व्यवहार की झलक देते हैं, जैसे वे कहाँ दिलचस्पी खो देते हैं, कितनी देर रुकते हैं और पेज के कौन-से हिस्से उनकी नज़र खींचते हैं।
  • मुख्य मेट्रिक्स पर नज़र रखें: कन्वर्ज़न रेट, बाउंस रेट और सेशन की लंबाई जैसे अहम आँकड़ों पर ध्यान दें। अगर बाउंस रेट ऊँचा दिखे, तो हो सकता है कि आपका पेज काफ़ी दिलचस्प नहीं है या विज़िटर्स को वह नहीं मिल रहा जिसकी उन्हें तलाश है।
  • डेटा के आधार पर बदलाव करें: जब आपको ट्रेंड दिखें, तो बदलाव करने में हिचकिचाएँ नहीं। उदाहरण के लिए, अगर लोग फ़ॉर्म देखने के बाद चले जाते हैं, तो हो सकता है वह बहुत जटिल हो, इसलिए उसे सरल बनाने पर विचार करें।

 

डेटा का समझदारी से इस्तेमाल करके आप अपने Landing page को लगातार बेहतर बना सकते हैं और कन्वर्ज़न टारगेट हासिल कर सकते हैं।

निष्कर्ष: बिना कोडिंग स्किल्स के हाई-कन्वर्टिंग Landing page कैसे बनाएँ

अच्छा कन्वर्ट करने वाला Landing page बनाना कोई डरावना काम नहीं होना चाहिए, भले ही कोडिंग आपके बस की बात न हो। सही डिज़ाइन चुनने, भरोसा बढ़ाने वाले एलिमेंट जोड़ने और A/B टेस्ट करने जैसे सही कदम उठाकर आप अपने कैंपेन की परफ़ॉर्मेंस को सचमुच बेहतर बना सकते हैं।

एक सहज यूज़र एक्सपीरियंस का लक्ष्य रखें, सार्थक कंटेंट से अपनी ऑडियंस को बाँधें और अपने लगातार सुधारों को डेटा से चलने दें। चाहे आप इसमें नए हों या किसी मौजूदा पेज को निखार रहे हों, ये सुझाव आपको ऐसे Landing pages बनाने में मदद करेंगे जो नतीजे देते हैं।

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गाइड में और पोस्ट।

टॉपिक

टॉपिक के हिसाब से देखें

हर पोस्ट किसी एक टॉपिक के तहत आता है। उस टॉपिक से शुरू करें जो आपके चल रहे कैंपेन के सबसे क़रीब हो।

playbook पढ़ें।फिर पेज बनाएं।

फ़्री में शुरू करें: landing page बनाएं, उसे अपने डोमेन पर पब्लिश करें और हर lead को अपने बायर तक भेजें, अगला कैंपेन लाइव होने से पहले।

एक prompt से क्वालिफ़ाइड leads तक

देखें कैसे एक prompt लाइव सोलर quote funnel बन जाता है, हर lead आपके बायर तक पहुंचता है, और लीकेज आपका बजट खाने से पहले ही पकड़ में आ जाती है।

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